ईपीएफओ 3.0 के तहत करोड़ों कर्मचारियों को पेंशन का लाभ मिलेगा

ईपीएफओ 3.0 के तहत करोड़ों कर्मचारियों को पेंशन का लाभ मिलेगा
कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) देश के करोड़ों कर्मचारियों के लिए ‘ईपीएफओ 3.0’ के तहत पेंशन व्यवस्था में एक ऐतिहासिक बदलाव करने जा रहा है।

इस नई व्यवस्था के लागू होने से असंगठित क्षेत्र में कार्यरत गिग वर्कर (Gig Workers) से लेकर निर्माण क्षेत्र के करोड़ों श्रमिकों को पहली बार सामाजिक सुरक्षा और पेंशन का लाभ मिल सकेगा।

वर्तमान में 15 हजार रुपये बेसिक-डीए पर सीलिंग (सीमित दायरा) होने के कारण बड़ी संख्या में कर्मचारी इस लाभ से वंचित हैं। उम्मीद है कि अगले एक से दो महीनों में यह नई व्यवस्था पूरे देश में प्रभावी रूप से लागू हो जाएगी।

6.5 करोड़ नए सदस्य जुड़ेंगे, मिलेंगे निवेश के लचीले विकल्प
प्रस्तावित सुधारों का मुख्य उद्देश्य संगठित क्षेत्र के साथ-साथ असंगठित, गिग और ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म पर कार्यरत कर्मचारियों को सामाजिक सुरक्षा के दायरे में लाना है।

वर्तमान में देश के लगभग 8 करोड़ कर्मचारी ईपीएफओ के दायरे में आते हैं। सीलिंग की सीमा बढ़ने से सदस्यों की संख्या में 6.5 करोड़ तक का भारी इजाफा होने का अनुमान है।

नई व्यवस्था के तहत कर्मचारियों की सेवानिवृत्ति बचत (Retirement Savings) को सरकार समर्थित सुरक्षित वित्तीय साधनों में निवेश किया जाएगा, ताकि लंबी अवधि में बेहतर रिटर्न मिल सके।

इसके अलावा, यह प्रणाली बेहद लचीली होगी, जहां कर्मचारी अपनी आयु, वित्तीय आवश्यकता और रिटायरमेंट प्लानिंग के अनुसार निवेश के विकल्प खुद चुन सकेंगे। सेवानिवृत्ति के समय उन्हें मासिक पेंशन या एकमुश्त (Lump-sum) राशि निकासी का विकल्प भी मिलेगा।

डिजिटल डैशबोर्ड और एक UAN की सुविधा
ईपीएफओ 3.0 के अंतर्गत तकनीक को बढ़ावा देते हुए एक डिजिटल डैशबोर्ड की सुविधा प्रस्तावित की गई है। इसके माध्यम से सदस्य अपने अंशदान, निवेश की वृद्धि, अनुमानित पेंशन और रिटायरमेंट फंड की जानकारी वास्तविक समय (Real-time) में देख सकेंगे।

इस योजना की अन्य प्रमुख विशेषताएं निम्नलिखित हैं:
पोर्टेबिलिटी की सुविधा: यूनिवर्सल अकाउंट नंबर (UAN) को विभिन्न नियोक्ताओं और रोजगार प्लेटफॉर्म से सीधे जोड़ा जाएगा। इससे नौकरी बदलने पर खाते को बार-बार स्थानांतरित (Transfer) कराने का झंझट खत्म हो जाएगा।
एकीकृत अंशदान: नए सिस्टम में कर्मचारी, नियोक्ता, सरकार और अन्य पात्र श्रमिकों के अनुमोदित अंशदान को एक ही खाते में एकीकृत करने का प्रावधान है।
पारिवारिक सुरक्षा: नई व्यवस्था में परिवार और आश्रितों के लिए उत्तरजीवी लाभ (Survivor Benefits) तथा दीर्घकालिक वित्तीय सुरक्षा को पहले से कहीं अधिक मजबूत बनाने का प्रस्ताव है।

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