मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि आयुर्वेद भारत की प्राचीन ज्ञान परंपरा की अमूल्य धरोहर है। इसमें स्वस्थ जीवनशैली, रोगों से बचाव और उपचार से जुड़े व्यापक ज्ञान का भंडार मौजूद है। राज्य सरकार आधुनिक स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार के साथ-साथ भारतीय चिकित्सा पद्धतियों को भी प्रोत्साहित कर रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आयुर्वेद केवल उपचार की पद्धति नहीं, बल्कि स्वस्थ जीवन जीने की एक समग्र दृष्टि प्रदान करता है। बदलती जीवनशैली और बढ़ती स्वास्थ्य संबंधी चुनौतियों के बीच आयुर्वेद एवं अन्य भारतीय चिकित्सा पद्धतियों की उपयोगिता और अधिक महत्वपूर्ण हो गई है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए आधुनिक चिकित्सा व्यवस्था को मजबूत किया जा रहा है। इसके साथ ही आयुर्वेद, योग, प्राकृतिक चिकित्सा और अन्य पारंपरिक चिकित्सा पद्धतियों को भी स्वास्थ्य सेवाओं की मुख्यधारा से जोड़ने के प्रयास किए जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि भारतीय चिकित्सा पद्धतियों की समृद्ध परंपरा को नई पीढ़ी तक पहुंचाने के साथ इनके वैज्ञानिक अध्ययन और अनुसंधान को भी प्रोत्साहित करने की आवश्यकता है। सरकार का प्रयास है कि प्रदेश के नागरिकों को गुणवत्तापूर्ण, सुलभ और समग्र स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध हों।
उन्होंने कहा कि आयुर्वेद और भारतीय चिकित्सा ज्ञान भारत की सांस्कृतिक विरासत का महत्वपूर्ण हिस्सा है। इसके संरक्षण, संवर्धन और आधुनिक संदर्भ में उपयोग को बढ़ावा देकर स्वस्थ समाज के निर्माण की दिशा में आगे बढ़ा जा सकता है।























