कुबेरेश्वर धाम कांवड़ यात्रा के दृष्टिगत इंदौर-भोपाल मार्ग परिवर्तन
मुख्यमंत्री डॉ. यादव की मौजूदगी में आनंद ग्रामों के विकास और नदी संरक्षण पर हुए दो एमओयू
मुख्यमंत्री डॉ. यादव की मौजूदगी में आनंद ग्रामों के विकास और नदी संरक्षण पर हुए दो एमओयू
मुख्यमंत्री एवं म.प्र. जन अभियान परिषद के अध्यक्ष डॉ. मोहन यादव की उपस्थिति में सोमवार को दो अलग-अलग विषयों से जुड़े समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए। मुख्यमंत्री निवास स्थित समत्व भवन में एक संक्षिप्त कार्यक्रम में हुए इन एमओयूस को हस्ताक्षरित कर संबंधित पक्षों द्वारा आदान-प्रदान किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सभी पक्षों को बधाई देते हुए कहा कि हम सब मिलकर प्रदेश के विकास के लिए काम करेंगे।
पहला त्रिपक्षीय एमओयू राज्य आनंद संस्थान, भोपाल, दीनदयाल शोध संस्थान, चित्रकूट एवं मप्र जन अभियान परिषद, भोपाल के मध्य हुआ। इस एमओयू का उद्देश्य तीनों संस्थानों द्वारा आपसी प्रशिक्षण के जरिए प्रदेश में आनंद ग्रामों के विकास तथा सतत् विकास के लक्ष्य पर आधारित ग्राम विकास अवधारणा के क्रियान्वयन की साझा पहल करना है।
दूसरा द्विपक्षीय एमओयू म.प्र. जनअभियान परिषद, भोपाल और नर्मदा समग्र, भोपाल के बीच हुआ। इस एमओयू का उद्देश्य दोनों संस्थानों द्वारा मध्यप्रदेश में नदी संरक्षण से जुड़े विविध आयामों पर नागरिकों की मनःस्थिति और वर्तमान परिस्थिति बदलने के लिए साझा प्रयास करना है।
म.प्र. जन अभियान परिषद के उपाध्यक्ष मोहन नागर, अपर मुख्य सचिव, नगरीय विकास एवं आवास संजय कुमार शुक्ल, प्रमुख सचिव आनंद विभाग राघवेन्द्र कुमार सिंह, राज्य आनंद संस्थान के सीईओ आशीष कुमार गुप्ता, जन अभियान परिषद के कार्यपालक निदेशक डॉ. बकुल लाड़, दीनदयाल शोध संस्थान चित्रकूट के संगठन सचिव अभय महाजन, संस्थान के कोषाध्यक्ष सह सचिव बसंत पंडित, नर्मदा समग्र न्यास, भोपाल के अध्यक्ष राजेश दवे, सचिव करण सिंह कौशिक एवं मुख्य कार्यकारी कार्तिक सप्रे सहित अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे।
एमओयू की पृष्ठभूमि
म.प्र. जन अभियान परिषद अपने लक्षित उद्देश्यों के अनुरूप स्वैच्छिकता, सामूहिकता एवं स्वावलंबन के माध्यम से शासकीय योजनाओं एवं कार्यक्रमों में आमजनों की सहभागिता सुनिश्चित कर लोगों के जीवन में गुणात्मक परिवर्तन लाने के लिए प्रयत्नशील है। इसके लिए परिषद निरन्तर विशेषज्ञता वाले शासकीय विभागों और संगठनों के साथ एमओयू करके सभी पक्षों की सहमति, सहयोग और समन्वय से कार्यक्रमों और आयोजनों की रूपरेखा तैयार करती है। परिषद के साथ सोमवार को हुए पहले त्रिपक्षीय एमओयू का उद्देश्य यह है कि तीनों संस्थान एक-दूसरे की विशिष्टताओं और विशेषज्ञताओं का लाभ लेकर प्रदेश के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण योगदान करें। दूसरे द्विपक्षीय एमओयू का उद्देश्य अविरल, निर्मल और कल-कल करती मां नर्मदा नदी के साथ-साथ इसकी सहायक नदियों को भी पुनर्जीवन प्रदान करने में आपसी सहयोग और समन्वय से विशेष रणनीति बनाकर इसे नदी संरक्षण की दिशा में तेजी से लागू करना है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव 5 अगस्त को खिलाड़ियों का करेंगे सम्मान
मुख्यमंत्री डॉ. यादव उज्जैन के रघुनंदन गार्डन में रक्षाबंधन कार्यक्रम में हुए शामिल
मुख्यमंत्री डॉ. यादव उज्जैन के रघुनंदन गार्डन में रक्षाबंधन कार्यक्रम में हुए शामिल
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि आज मैं जहां भी हूं बाबा श्रीमहाकाल और आप सभी लाड़ली बहनों के आशीर्वाद से हूं। लाड़ली बहनों के आशीर्वाद से प्रदेश में विकास के सभी कार्य तेजी से हो रहे हैं। सनातन संस्कृति के सभी त्यौहार हमें जोड़ने का कार्य करते हैं और पारिवारिक संबंध मजबूत करते हैं। रक्षाबंधन के त्यौहार पर जब बहनों के साथ भांजे भांजी का घर में आगमन होता है तो घर की रौनक और भी बढ़ जाती है। रक्षा-सूत्र केवल धागा नहीं एक संकल्प है बहन की रक्षा का, सहयोग का और स्वप्नों को साकार करने का। भगवान श्री कृष्ण को द्रौपदी ने रक्षा-सूत्र बांधा, भगवान श्रीकृष्ण ने राखी का मान रखना सिखाया। भगवान श्रीकृष्ण ने सभी कर्तव्यों में बहन द्रौपदी की हर समय, हर परिस्थिति में रक्षा की। भगवान शिव की शक्ति माता पार्वती भी प्रकृति को कष्ट होने पर माँ कालिका का रूप लेकर कष्टों का निवारण करती हैं। इसी प्रकार लाड़ली बहनें भी प्रदेश और समाज के सभी कष्टों का निवारण करती हैं। बहनों, बुआ और बेटियों से ही पारिवारिक, सामाजिक और आर्थिक समृध्दि होती है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव उज्जैन स्थित रघुनंदन गार्डन में रविवार को लाड़ली बहनों द्वारा आयोजित रक्षाबंधन कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने ऑपरेशन सिंदूर के माध्यम से दुश्मनों को यह बता दिया कि हम बहनों के सिंदूर की रक्षा के लिए कृत-संकल्पित हैं। प्रधानमंत्री श्री मोदी के नेतृत्व में बहनों का सशक्तिकरण करने के लिए लखपति दीदी और ड्रोन दीदी आदि योजनाएं संचालित की जा रही हैं। दुनिया के सभी देशों में केवल भारत ही है जहां त्यौहार को रिश्तों से जोड़कर सामूहिक जीवन जीने की शैली सिखाते हैं।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश सरकार बहनों के जीवन में समृध्दि लाने के लिए कार्य कर रही है। राज्य सरकार बहनों के उत्थान के लिए सदैव कार्य करती रहेगी। लाड़ली बहनाओं को वर्तमान में 1250 रुपए की राशि प्रदान की जा रही है उसे बढ़ाकर भाईदूज से 1500 रूपये किये जाएंगे। बहनों को स्वरोजगार से जोड़ने के लिए शासन द्वारा संपूर्ण मदद की जा रही है। राज्य सरकार की ओर से कारखानों में कार्य करने वाली हर बहन को 5 हजार रुपए की राशि दस वर्ष तक प्रदान की जा रही है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कार्यक्रम की शुरुआत लाड़ली बहनों को झूला झुलाकर की। उन्होंने दीप प्रज्ज्वलन कर कन्या-पूजन भी किया गया। इस अवसर पर कन्याओं को स्कूल बैग और पुस्तकें भेंट की गई। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने लाड़ली बहनों पर पुष्प वर्षा की और उनसे राखी बंधवाई। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. यादव को लाड़ली बहनों ने हस्तनिर्मित बड़ी राखी भेंट की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कार्यक्रम में लाड़ली बहनों का आभार ‘’फूलों का तारों का, सबका कहना है; एक हजारों में मेरी बहना है’’ गीत गाकर प्रकट किया।
रक्षाबंधन कार्यक्रम में बडी संख्या में लाड़ली बहनें, महापौर मुकेश टटवाल, सभापति कलावती यादव, संजय अग्रवाल, रवि सोलंकी, पार्षदगण व अन्य जनप्रतिनिधि व अधिकारीगण उपस्थित थे।
भारतीय रेलवे गढ़ रही है नए-नए कीर्तिमान : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
भारतीय रेलवे गढ़ रही है नए-नए कीर्तिमान : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में नया भारत विश्व में अपनी अलग पहचान बना रहा है। प्रधानमंत्री मोदी के मार्गदर्शन और रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव के नेतृत्व में रेलवे नए कीर्तिमान गढ़ रहा है। भावनगर से अयोध्या नई एक्सप्रेस ट्रेन की शुरुआत अत्यंत सुखद है। इससे भगवान श्रीराम और श्रीकृष्ण के साथ संबंध का स्मरण भी हो रहा है। प्रभु श्रीराम और श्रीकृष्ण से ही दुनियाभर में भारत की पहचान बनी हुई है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव रविवार को जबलपुर-रायपुर एक्सप्रेस और रीवा-पुणे (हडपसर) एक्सप्रेस के शुभारंभ कार्यक्रम में उज्जैन से वर्चुअली शामिल हुए और संबोधित किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने नई ट्रेनों को हरी झंडी दिखाई।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश आज रेल कनेक्टिविटी के मामले में छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र से सीधे जुड़ रहा है। जबलपुर-रायपुर एक्सप्रेस और रीवा-पुणे (हडपसर) एक्सप्रेस के शुभारंभ से यात्रियों के साथ व्यापार-व्यवसाय और पर्यटन क्षेत्र को बढ़ावा मिलेगा। बघेलखंड अंचल के रीवा में टाइगर सफारी और मैहर शक्तिपीठ की मां शारदा देवी के दर्शन सुलभ हो पाएंगे। इसी प्रकार संस्कारधानी जबलपुर और भेड़ाघाट आने वाले पर्यटकों की संख्या बढ़ेगी। भारतीय रेलवे ने गत 11 वर्ष में उल्लेखनीय प्रगति की है। इलेक्ट्रिफिकेशन का शतप्रतिशत कार्य पूर्ण हो चुका है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में 2025-26 में 2 लाख 65 हजार करोड़ के बजट का प्रावधान रखा गया है। जबलपुर-रायपुर इंटरसिटी एक्सप्रेस से पड़ोसी राज्य के साथ कनेक्टिविटी और बढ़ जाएगी।
केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का रेलवे के साथ भावनात्मक जुड़ाव है। यह देश के गरीब और मध्यम वर्ग के लिए आवागमन का प्रमुख साधन है। प्रधानमंत्री श्री मोदी के विजन से केंद्र सरकार ने 10-11 वर्ष में रेलवे को आधुनिक बनाने के लिए संकल्प के साथ कार्य किए हैं। नई ट्रेनों की शुरुआत, आधुनिक कोच निर्माण और रेलवे स्टेशनों का जीर्णोद्धार रेलवे के अभूतपूर्व कार्य हैं। रीवा से पुणे की कनेक्टिविटी बढ़ रही है। जबलपुर और रायपुर के बीच नई ट्रेन से जनजातीय अंचल को लाभ मिलेगा। गत 11 साल में 34 हजार किलोमीटर नए रेलवे ट्रैक बनाए हैं। प्रतिदिन 12 किलोमीटर ट्रैक बिछाया जा रहा है और 1300 स्टेशनों का नव निर्माण किया जा रहा है, यह दुनियाभर के विकसित देशों में अपने आप में अलग स्थान रखता है। वंदेभारत जैसी नई ट्रेन चलाई जा रही हैं। देश में 8 अमृत भारत एक्सप्रेस शुरू की जा चुकी हैं, इसमें वंदेभारत जैसी सुविधाएं कम किराये पर दी जा रही है। नमो भारत, आसपास के दो शहरों की कनेक्टिंग ट्रेन हैं। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने रेलवे की सूरत बदलने का संकल्प लिया है। श्री वैष्णव ने कहा कि पोरबंदर से राजकोट नई ट्रेन जल्द शुरू करेंगे। राणावाद स्टेशन पर नई कोच मेंटेनेंस फैसिलिटी विकसित करेंगे।सारडिया से बांसजालिया नई रेल लाइन बिछाएंगे। मुंबई से अहमदाबाद के बीच जल्द ही बुलेट ट्रेन की भी शुरुआत होगी। यह ट्रेन मात्र 2 घंटे 13 मिनट में गंतव्य तक पहुंचेगी।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का माना आभार
केंद्रीय रेल मंत्री वैष्णव ने मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का आभार मानते हुए कहा कि उनका सहयोग रेल नेटवर्क के विस्तार में निरंतर प्राप्त हो रहा है। डबल इंजन की सरकार होने से कोई भी प्रकल्प अधिक समय लंबित नहीं रह पाता है। नए रेल संचालन के शुभारंभ कार्यक्रम में अनेक मंत्रीगण, जनप्रतिनिधि और नागरिक प्रत्यक्ष और वर्चुअल रूप से शामिल हुए।
प्रारंभ हुई नई रेल सेवाओं से 4 राज्यों मध्यप्रदेश, राजस्थान, महाराष्ट्र और गुजरात के मध्य बेहतर रेल कनेक्टिविटी स्थापित होगी, जिसका इन चारों राज्यों के नागरिकों को परिवहन और व्यापार-वाणिज्य की दृष्टि से प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा। जबलपुर से रायपुर, रीवा से पुणे और भावनगर से अयोध्या के लिए नई एक्सप्रेस ट्रेनों का संचालन प्रारंभ होने से रेल नेटवर्क के विस्तार में नया आयाम जुड़ा है।
मंत्री और विधानसभा अध्यक्षों के योगदान से नई पीढ़ी को परिचित कराना जरूरी : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
मंत्री और विधानसभा अध्यक्षों के योगदान से नई पीढ़ी को परिचित कराना जरूरी : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अविभाजित मध्यप्रदेश के पहले मुख्यमंत्री रहे पं. रविशंकर शुक्ल की जयंती पर शनिवार को विधानसभा के सेंट्रल हॉल में उनके चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर नमन किया। विधानसभा अध्यक्ष श्री नरेन्द्र सिंह तोमर, सहकारिता मंत्री विश्वास सारंग, पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कृष्णा गौर, पंचायत और ग्रामीण विकास राज्यमंत्री राधा सिंह, विधायक भगवानदास सबनानी सहित जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।
विधानसभा अध्यक्ष तोमर की पहल स्वागत योग्य
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश गठन के बाद पहले मुख्यमंत्री रहे पं. रविशंकर शुक्ल ने प्रदेश के विकास के लिए आधारभूत रूप से जो कार्य आरंभ किया, उस नींव पर ही प्रदेश के वर्तमान स्वरूप ने आकार लिया है। विधानसभा अध्यक्ष श्री नरेन्द्र सिंह तोमर द्वारा राज्य के श्रद्धेय मुख्यमंत्री और विधानसभा अध्यक्षों की जयंती पर उन्हें स्मरण करने की परम्परा आरंभ करने की पहल स्वागत योग्य है। राज्य के विकास में इन पुण्यात्माओं के योगदान से नई पीढ़ी को परिचित कराने में उनके स्मरण का यह नवाचार सहायक होगा।
विधानसभा अध्यक्ष तोमर ने भी की मीडिया से चर्चा
विधानसभा अध्यक्ष नरेन्द्र सिंह तोमर ने कहा कि प्रदेश के श्रद्धेय मुख्यमंत्री और विधानसभा अध्यक्षों के योगदान का स्मरण किया जाना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि 1 नवंबर 1956 को मध्यप्रदेश राज्य का गठन हुआ। प्रदेश के पहले मुख्यमंत्री श्रद्धेय पं. रविशंकर शुक्ल के जीवन और संघर्ष से हम सभी प्रेरणा लेते हैं। आज उनकी जयंती है, उन्हें स्मरण कर ईश्वर से यही प्रार्थना है कि हम सभी को उनके बताए मार्ग पर चलने की शक्ति और सामर्थ्य प्रदान करें।
मुख्यमंत्री ने सीहोर के बड़ियाखेड़ी में नई औद्योगिक इकाइयों का भूमि-पूजन और आशय-पत्र का किया वितरण
मुख्यमंत्री ने सीहोर के बड़ियाखेड़ी में नई औद्योगिक इकाइयों का भूमि-पूजन और आशय-पत्र का किया वितरण
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में बदलते दौर में भारत की भूमिका विश्व में निरंतर महत्वपूर्ण हो रही है। भारत को कभी सोने की चिड़िया कहा जाता था। आज भारत सोने के बाघ की तरह दहाड़ रहा है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ‘भारत फर्स्ट’ की भावना से देश के किसान और उद्योगपतियों के लिए दुनिया से लोहा लेने को तैयार हैं। उनकी मंशा के अनुरूप प्रदेश में हर दूसरे या तीसरे दिन उद्योगों को नई सौगात और युवाओं को रोजगार का लाभ मिल रहा है। इसी क्रम में सीहोर के बडियाखेड़ी में 2000 करोड़ रुपए के निवेश से नए उद्योग आरंभ किए जाएंगे। सीहोर में जल्द ही एक लाख मैट्रिक टन सब्जियों की खरीद की व्यवस्था शुरू होगी, इससे जिले के दो लाख परिवारों को लाभ मिलेगा।
सीहोर में पावर ट्रांसफार्मर की इकाई लगने से भी रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। सीहोर को “पार्वती काली सिंध चंबल परियोजना” का लाभ भी मिलेगा। आगामी वर्षों में सीहोर, भोपाल मेट्रोपॉलिटन सिटी का महत्वपूर्ण हिस्सा होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव शनिवार को सीहोर जिले के बडियाखेड़ी में नई औद्योगिक इकाइयों के भूमि-पूजन और आशय-पत्र वितरण कार्यक्रम में उपस्थित जन समुदाय को संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम में 400 से अधिक उद्योग जगत के प्रतिनिधियों ने सहभागिता की।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि उद्योग लगाने में कई चुनौतियों का सामना करना पड़ता है। राज्य सरकार उद्योगपतियों को हर संभव सहयोग कर प्रदेश में रोजगार परकउद्योग लगाने को विशेष प्रोत्साहन दे रही है। हमारा प्रयास है कि प्रदेश के युवाओं को रोजगार के लिए प्रदेश से बाहर जाने की जरूरत न पड़े। प्रदेश में महिलाकर्मियों के लिए 10 साल तक 6000 रुपये प्रति माह और पुरुषकर्मियों के लिए 5000 रुपये मासिक अनुदान राज्य सरकार की ओर से उद्योगपतियों को दिया जाएगा। प्रदेश में स्थापित हो रहे उद्योग विकास और रोजगार के केंद्र हैं मंदिर के समान हैं।
पूर्व पीएम के पोते प्रज्वल रेवन्ना को उम्रकैद की सजा
पूर्व पीएम के पोते प्रज्वल रेवन्ना को उम्रकैद की सजा
जनता दल सेक्युलर (JDS) नेता और पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवगौड़ा के पोते प्रज्वल रेवन्ना को बलात्कार के गंभीर मामले में अदालत ने उम्रकैद की सजा और 10 लाख रुपये का जुर्माना सुनाया है। यह फैसला शनिवार को बेंगलुरु की विशेष अदालत ने सुनाया। रेवन्ना को एक दिन पहले दोषी करार दिया गया था।
न्यायाधीश संतोष गजानन भट ने आईपीसी की धारा 376(2)(एन) और 376(2)(के) के तहत रेवन्ना को दो आजीवन कारावास की सजा सुनाई है, जो मृत्यु तक चलेगी। कोर्ट ने कुल 10 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया, जिसमें से 7 लाख रुपये पीड़िता को मुआवजे के रूप में दिए जाएंगे। सजा सुनाए जाते वक्त रेवन्ना हाथ जोड़कर खड़े थे और रोने लगे।
सेक्स क्लिप वायरल होने से खुला मामला
यह मामला तब सामने आया जब 24 अप्रैल 2024 को हासन स्टेडियम में कई पेन ड्राइव पड़ी मिलीं, जिनमें प्रज्वल रेवन्ना से जुड़े करीब 3 हजार आपत्तिजनक वीडियो क्लिप थे। वीडियो वायरल होते ही पूरे राज्य और देश में हलचल मच गई थी।
मुख्यमंत्री डॉ यादव ने 71वें NationalFilmAwards में मध्यप्रदेश की दो फिल्म आने पर संपूर्ण प्रदेश को बधाई दी
मुख्यमंत्री डॉ यादव ने 71वें NationalFilmAwards में मध्यप्रदेश की दो फिल्म आने पर संपूर्ण प्रदेश को बधाई दी
71वें NationalFilmAwards में सतना के अशोक मिश्रा जी द्वारा लिखित एवं उनके पुत्र यशोवर्धन मिश्रा द्वारा निर्देशित फिल्म “Kathal” को 2023 की सर्वश्रेष्ठ हिन्दी फिल्म और IPS मनोज शर्मा पर निर्मित 12th फेल के लिए राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार मिलना सभी प्रदेश वासियों के लिए हर्ष एवं गौरव का विषय है।
मंत्रालय में हुआ राष्ट्र-गीत “वंदे-मातरम” एवं राष्ट्र-गान का सामूहिक गायन
मंत्रालय में हुआ राष्ट्र-गीत “वंदे-मातरम” एवं राष्ट्र-गान का सामूहिक गायन
अगस्त माह के प्रथम शासकीय कार्य दिवस पर मंत्रालय के समक्ष सरदार वल्लभ भाई पटेल पार्क में राष्ट्र-गीत “वंदे-मातरम” एवं राष्ट्र-गान “जन-गण-मन” का सामूहिक गायन हुआ। इस अवसर पर पुलिस बैंड ने मधुर धुनें प्रस्तुत की। वंदे-मातरम गायन में पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण,विमुक्त घुमन्तु और अर्द्धघुमन्तु राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कृष्णा गौर, मुख्य सचिव अनुराग जैन, अपर मुख्य सचिव, मनु श्रीवास्तव, संजय कुमार शुक्ल, सहित सतपुड़ा-विंध्याचल भवन के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।














