भोपाल, राजधानी का सबसे ज्यादा तेजी से बढ़ता उपनगर डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी नगर कोलार रोड क्षेत्र बढ़ती बेहतर बुनियादी सुविधाओं के कारण अब अपनी बसाहट का विस्तार भी तेजी से करने लगा है।
उपनगर में बड़े बड़े शॉपिंग मॉल, ब्रांडेड प्रॉडक्ट्स के आउटलेट, बड़े होटल, रेस्टोरेंट सहित एक दर्जन से भी ज्यादा शादी-पार्टी गार्डन खुल चुके है। स्थानीय स्तर पर व्यापार भी अब बढ़ने लगा है।
त्योहार के सीजन में कोलार का बाजार भी अब ग्राहकों की पहली पसंद बनकर उभरा है।
कोलार रोड के बीमाकुंज में स्थित भोपाल की सबसे फेमस फ्लॉवर दुकानों में शुमार नाम अभिषेक फ्लोरिस्ट पर घरों की सजावट, पूजन-पाठ, शादी व्याह, जन्मदिन उत्सव, तीज-त्योहार, ऑफिस, स्कूल, कालेज में समारोह-उत्सव में सजावट, उपहार और सम्मान में सबसे आवश्यक वस्तु सजावटी फूल, गुलदस्ते, फूलों की माला, सजावटी गमले, सजावटी मालाएं, सजावटी पेड़-पौधे (आर्टिफिशियल) विभिन्न वैरायटी में उपलब्ध है।
स्टेज डेकोरेशन, त्योहार-उत्सव स्पेशल जैसे दीपावली, गृह प्रवेश, दुकान-ऑफिस उद्घाटन, आदि पूजन कार्य, अतिथि स्वागत की तैयारी, साजसज्जा की सुविधा होनहार टीम के साथ उपलब्ध कराई जा रही हैं।
अभिषेक फ्लोरिस्ट 2005 से लगातार मात्र कोलार उपनगर में ही नहीं सम्पूर्ण भोपाल के साथ अन्य शहरों और अन्य प्रदेश में फ्लॉवर डेकोरेशन का कार्य करते है।
संचालक अभिषेक सैनी बताते है की फूलों का कारोबार उनका पुश्तैनी है। हमारा लक्ष्य सदैव ग्राहकों को उच्च स्तर की क्वालिटी का सामान और सेवा देना है। आज हमें हजारों सन्तुष्ट ग्राहकों का साथ लगातार मिल रहा है, उनकी मांग और सुझाव के अनुसार हम इसवर्ष भी दीवाली उत्सव पर घरों, ऑफिस, दुकान की सजावट की सम्पूर्ण रेंज के साथ ग्राहकों को बेहतर सेवा देने तैयार है। हमारे पास सीजन के सभी फूलों की वैरायटी उपलब्ध है।









भोपाल, डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी नगर कोलार रोड में जनसहयोग से मन्नत सोशल वेलफेयर सोसाइटी की टीम ने सलैैया आंगनवाड़ी में दीपावली का त्यौहार मनाया गया, जिसमें बच्चों को त्यौहार के महत्व, पटाखे फोड़ते समय सावधानी रखने के बारे में बताया गया। पर्यावरण संरक्षण के बारे जागरूकता लाने के लिए 30 बच्चों को उपहार कपड़े के थैले में रखकर वितरित करें, जिसमें फल, मिठाई, मुरमुरे -बताशे, फुलझड़ी, बिस्किट, चॉकलेट ,5 दीये रखे गए। 5 नवजात शिशुओं के लिए उनकी माताओं को संस्था द्वारा नवाचार दुलार किट भेंट की गई, संस्था द्वारा पुराने दियो को विभिन्न प्रकार के रंगों से कलर करके नया रूप देकर तैयार करने का प्रशिक्षण भी दिया गया।




