महाकाल मंदिर प्रबंध समिति की बैठक बुधवार को, गर्भगृह में प्रवेश शुरू करने पर होगा निर्णय

Management Committee

 

उज्जैन। ज्योतिर्लिंग महाकाल मंदिर के प्रशासनिक भवन में बुधवार शाम पांच बजे कलेक्टर कुमार पुरुषोत्तम की अध्यक्षता में मंदिर प्रबंध समिति की बैठक होगी। समिति श्रावण मास संपन्न होने के बाद गर्भगृह में भक्तों का प्रवेश शुरू करने को लेकर निर्णय ले सकती है।

बैठक में ही तय होंगी व्‍यवस्‍थाएं

सांसद अनिल फिरोजिया ने सोमवार को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह से गर्भगृह में आम भक्तों का प्रवेश शुरू कराने की मांग की थी। कहा था कि 12 सितंबर से ही यह व्यवस्था शुरू हो। हालांकि समिति सदस्यों ने व्यवस्थाएं समिति की बैठक में ही तय करने का निर्णय लिया।

अभी लागू थी विशेष दर्शन व्‍यवस्‍था

महाकाल मंदिर में श्रावण-भादौ मास के लिए चार जुलाई से 11 सितंबर तक विशेष दर्शन व्यवस्था लागू की गई थी। इस दौरान गर्भगृह में भक्तों का प्रवेश पूर्णत: प्रतिबंधित कर दिया गया था। अतिविशिष्टजन व महामंडलेश्वरों के अतिरिक्त किसी को भी गर्भगृह में प्रवेश की अनुमति नहीं थी। इस व्यवस्था से श्रावण अधिक मास के पूरे दो माह सामान्य दर्शनार्थियों को सुविधा से निर्बाध भगवान महाकाल के दर्शन हुए।

सूत्रों का यह है कहना

आम दर्शनार्थी इसी प्रकार की व्यवस्था वर्षभर लागू करने की मांग कर रहे हैं, लेकिन सूत्र बताते हैं कि पुजारी, पुरोहित व राजनीतिक दबाव के चलते मंदिर समिति एक बार फिर गर्भगृह में भक्तों का प्रवेश शुरू करने की तैयारी में है। हालांकि सांसद अनिल फिरोजिया ने मुख्यमंत्री से सामान्य दर्शनार्थियों को गर्भगृह से दर्शन कराने की मांग की है। अब देखना यह है कि प्रबंध समिति की बैठक में अफसर सभी श्रेणी के लिए श्रद्धालुओं के लिए गर्भगृह खोलती है या 750 रुपये प्रति श्रद्धालु की रसीद पर केवल वीआइपी व पुजारी, पुरोहित के यजमानों को प्रवेश देने का निर्णय करती है।

सशुल्क दर्शन व्यवस्था बनी चुनावी मुद्दा

महाकाल मंदिर में श्रावण मास से पहले भक्तों को 750 रुपये प्रति व्यक्ति शुल्क पर गर्भगृह में प्रवेश की व्यवस्था लागू थी। मंदिर प्रशासन अधिकांश समय केवल इसी व्यवस्था के अंतर्गत भक्तों को गर्भगृह में प्रवेश दे रहा था। इस व्यवस्था से आम दर्शनार्थी नाराज थे।

प्रति व्यक्ति 200 रुपये शुल्क पर भी नाराजगी

श्रद्धालु भस्म आरती दर्शन के लिए प्रति व्यक्ति 200 रुपये शुल्क लिए जाने से भी नाराज हैं। जनआक्रोश को देखते हुए सशुल्क दर्शन व्यवस्था चुनावी मुद्दा बन गई है। कांग्रेस के प्रदेश प्रवक्ता विवेक गुप्ता ने कहा है कि प्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनने पर सशुल्क दर्शन व्यवस्था समाप्त की जाएगी। सभी भक्तों को निश्शुल्क भगवान महाकाल के दर्शन कराए जाएंगे।

मैग्नीशियम की कमी है तो तत्काल सुधारें अपनी डायट, हो सकती है ये समस्याएं

deficient in magnesium,

 

शरीर को सेहतमंद रखने के लिए कई विटामिन और मिनरल्स की जरूरत होती है। हेल्थ एक्सपर्ट के अनुसार पोषक तत्वों से भरपूर डायट लेने पर हम कई बीमारियों से खुद को बचा सकते हैं। शरीर को स्वस्थ रखने के लिए एक ऐसा ही पोषक तत्व मैग्नीशियम है, जिसकी कमी से कई बीमारियां होती हैं। मैग्नीशियम शरीर में ब्लड शुगर और हृदय की जुड़ी कई बीमारियों को कम करने में प्रभावी भूमिका निभाता है। डायटिशियन मीना कोरी है। आइए जानें, किन खाद्य पदार्थों से यह सेहत के लिए लाभकारी है और क्यों Magnesium डायट के बारे में यहां विस्तार से जानकारी दे रही है।

हड्डियों के लिए फायदेमंद मैग्नीशियम

मैग्नीशियम हड्डियों को स्वस्थ रखने में एक महत्वपूर्ण योगदान देता है। महिलाओं में ऑस्टियोपोरोसिस का खतरा बहुत ज्यादा होता है। महिलाएं यदि हेल्दी डायट लेती है तो शरीर में Magnesium की भरपाई होने से हड्डियों से जुड़ी समस्या दूर हो सकती है।

ब्लड शुगर नियंत्रण

मैग्नीशियम से भरपूर डायट लेने से टाइप-2 मधुमेह और डायबिटीज का खतरा कम हो जाता है। मैग्नीशियम शरीर की इम्युनिटी बढ़ाने में भी मदद करता है।

हार्ट अटैक का खतरा नहीं

दिल को स्वस्थ रखने में मैग्नीशियम महत्वपूर्ण है। मैग्नीशियम से भरपूर भोजन हाई बीपी को नियंत्रित करने में मदद कर सकता है। इसके अलावा हार्ट में ब्लॉकेज की समस्या भी नहीं होती है।

अच्छी नींद के लिए जरूर लें मैग्नीशियम

यदि किसी व्यक्ति को अनिद्रा की समस्या हो तो उसे तत्काल अपना मैग्नीशियम लेवल चेक करना चाहिए, क्योंकि मैग्नीशियम की कमी से अनिद्रा की समस्या हो सकती है।

माइग्रेन का दर्द

डायटिशियन मीना कोरी के मुताबिक माइग्रेन के मरीजों में मैग्नीशियम की कमी होने की अधिक संभावना होती है। मैग्नीशियम से भरपूर डायट का सेवन जरूर करना चाहिए।

मैग्नीशियम के लिए जरूर खाएं ये चीजें

शरीर में मैग्नीशियम की कमी होने पर एवोकाडो का सेवन करना चाहिए। इसमें विटामिन-के, विटामिन-बी और पोटैशियम भी भरपूर होता है। इसके अलावा डॉर्क चॉकलेट, नट्स आदि का भी सेवन करना चाहिए।

डेढ़ लाख रुपये की रिश्वत लेते शिक्षक और भृत्य को लोकायुक्त ने पकड़ा

 

शिक्षक ने बिलों के भुगतान के बदले मांगा था 10 प्रतिशत कमीशन

बैतूल। जिले के शाहपुर विकासखंड मुख्यालय पर स्थित शासकीय एकलव्य माडल आवासीय विद्यालय के प्राथमिक शिक्षक इंद्रमोहन तिवारी और भृत्य गुल्लू सिंह को लोकायुक्त की टीम ने डेढ़ लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए मंगलवार को गिरफ्तार किया है। लोकायुक्त भोपाल की टीम ने भोपाल निवासी आलोक कुमार सिंह की शिकायत पर मंगलवार को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया।

बिल भुगतान करने के बदले में 10 प्रतिशत कमीशन

लोकायुक्त पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार भोपाल निवासी आलोक कुमार सिंह के द्वारा आवासीय विद्यालय में मेस का संचालन किया जाता है। इसके लिए डेढ़ लाख रुपये और सामग्री एवं उपकरणों की सप्लाई के बिलों का भुगतान करने के बदले में 10 प्रतिशत कमीशन चार लाख रुपये की रिश्वत की मांग की गई थी।

प्राथमिक शिक्षक के साथ भृत्य गिरफ्तार

आलोक सिंह ने आठ सितंबर को लोकायुक्त भोपाल से शिकायत कर दी। शिकायत का सत्यापन कराने के बाद भोपाल लोकायुक्त की टीम शाहपुर पहुंची और आवासीय विद्यालय के प्राथमिक शिक्षक इंद्रमोहन तिवारी को अपने साथी भृत्य गुल्लू सिंह के साथ डेढ़ लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए पकड़ा है। लोकायुक्त की टीम द्वारा प्रकरण दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है।

अयोध्या में 15 जनवरी से शुरू होगा प्राण प्रतिष्ठा समारोह, पूरे शहर में लगेंगे लंगर

Pran Pratistha ceremony

 

भव्य राम मंदिर का निर्माण कार्य अंतिम चरणों में

अयोध्या। भगवान राम की जन्मस्थली अयोध्या में उनके भव्य मंदिर का निर्माण कार्य अंतिम चरणों में है। इसके साथ ही भगवान राम, माता सीता, लक्ष्मणजी और हनुमानजी की मूर्तियों की प्राण प्रतिष्ठा के समारोह की तैयारियां भी शुरू हो गई हैं। यह समारोह अगले वर्ष 2024 में 15 जनवरी से शुरू होगा और 24 जनवरी तक चलेगा। इस दौरान यहां आने वाले श्रद्धालुओं के लिए पूरे शहर में लंगर भी लगाए जाएंगे।

श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट व संघ परिवार ने प्राण प्रतिष्ठा समारोह को लेकर देश और विदेश से बुलाए जाने वाले अतिथियों की सूची बनाना शुरू कर दी है। इस दौरान उनके लिए भोजन, आवास और आदि चीजों की व्यवस्था रहेगी, जिसके लिए तैयारियां भी शुरू हो गई हैं। अयोध्या शहर में जगह-जगह टेंट लगाएं जाएंगे।

लंगर संचालकों से किया गया संपर्क

प्राण प्रतिष्ठा समारोह में शामिल होने के लिए आने वाले श्रद्धालुओं के लिए भोजन की व्यवस्था के लिए 2 दर्जन बड़े लंगर संचालकों से संपर्क किया गया है। वहीं इनमें से ज्यादातर खुद ही इस समारोह से जुड़ने की इच्छा जता चुके हैं।

मध्यप्रदेश में शुरू होगा पहला सहकारिता विश्वविद्यालय : सहकारिता मंत्री डॉ. अरविन्द सिंह भदौरिया

first cooperative university

 

भोपाल , 12 सितम्बर| मध्यप्रदेश मेंपहला सहकारिता विश्वविद्यालय शुरू होगा। सहकारिता एवं लोक सेवा प्रबंधन मंत्री डॉ. अरविन्द सिंह भदौरिया ने आज भोपाल में वृहद हस्तशिल्प क्लस्टर विकास परियोजना के शुभांरभ कार्यक्रम में यह जानकारी दी।

सहकारिता मंत्री डॉ. भदौरिया ने बताया कि पिछले दिनों दिल्ली में केन्द्रीय सहकारिता मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में हुई एक बैठक में सहकारिता विश्वविद्यालय की स्थापना करने पर हुई चर्चा में मध्यप्रदेश के इंदौर अथवा भोपाल में विश्वविद्यालय शुरू करने के उनके प्रस्ताव पर सैंद्धतिक स्वीकृति प्रदान की गई। बहुत जल्द ही मध्यप्रदेश में सहकारिता विश्वविद्यालय शुरू होगा। विश्वविद्यालय में सहकारिता क्षेत्र के अनेक विषयों के पाठ्यक्रमों को पढ़ाया जायेगा और सहकारिता संबंधी अनुसंधान भी होगा।

मंत्री डॉ. भदौरिया ने कहा कि देश में आजादी के बाद पहली बार प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सहकारिता आंदोलन को मजबूती देते हुए केन्द्रीय सरकार में सहकारिता मंत्रालय शुरू किया है। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के नेतृत्व में राज्य सरकार का उद्देश्य भी अधिक से अधिक लोगों को सहकारिता आंदोलन से जोड़कर उन्हें लाभांवित करना है।

मंत्री डॉ. भदौरिया ने राज्य सहकारी संघ के विभिन्न तकनीक और कौशल में प्रशिक्षण देने के कार्यक्रम की सराहना की। उन्होंने सहकारी प्रशिक्षण केन्द्र जबलपुर के नवीन भवन, सहकारी प्रशिक्षण केन्द्र भोपाल, इंदौर और नौगांव में समान्य सुविधा केन्द्र, सहकारी प्रशिक्षण केन्द्र इंदौर में एम्पोरिया का डिजिटल भूमि-पूजन और शिलान्यास किया। आर्टीजन्स कार्ड का वितरण किया और वृहद हस्तशिल्प कलस्टर विकास परियोजना की पुस्तिका और पैक्स संस्थाओं के लिए तैयार पैक्स मैन्यूअल 2022 का विमोचन किया।

कार्यक्रम को राज्य सहकारी संघ के पूर्व अध्यक्ष अरूण तोमर ने भी संबोधित किया। प्रबंध संचालक राज्य सहकारी संघ ऋतुराज रंजन ने कार्यक्रम की रूपरेखा प्रस्तुत की। मंत्री डॉ. भदौरिया ने कार्यक्रम के अंत में हस्तशिल्प उद्यमियों के उत्पादों का अवलोकन किया और उनसे चर्चा की।

एग्पा, भोपाल में मूल्यांकन एवं प्रभाव आंकलन केन्द्र का शुभारंभ

Inauguration of Evaluation

 

भोपाल , 12 सितम्बर| मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने कहा कि शोध, सर्वेक्षण और वैज्ञानिक तरीके से तैयार किया गया डेटा उपयोगी है। यह सुशासन की नींव है और जनकल्याण में सहायक बनता है। शोध आधारित पुख्ता सांख्यिकी आंकड़े विकास की गति को बरकरार रखते हैं। मध्यप्रदेश में एमपी-डीएपी को एक एग्रीगेटर प्लेटफार्म के रूप में विकसित करने पर विचार किया जाएगा। यह केन्द्र शासकीय नीतियों के असर और लोगों के जीवन में आ रहे बदलाव को देखेगा। इसके द्वारा शासकीय योजनाओं, परियोजनाओं और कार्यक्रमों के प्रभावों का आकलन किया जाएगा। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने एग्पा (अटल बिहारी वाजपेयी सुशासन एवं नीति विश्लेषण संस्थान, भोपाल) में स्थापित किये गए मूल्यांकन एवं प्रभाव आकलन केन्द्र का वर्चुअल शुभारंभ अवसर पर संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने राज्य नीति आयोग मध्यप्रदेश द्वारा प्रकाशित एसडीजी प्रगति रिपोर्ट-2023 का विमोचन किया।

भोपाल के कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में हो रहे इस तीन दिवसीय (11 से 13 सितम्बर) सम्मेलन और कार्यशाला में अनेक अर्थशास्त्री, शोधकर्ता और विकास से जुड़ी संस्थाओं के प्रतिनिधि हिस्सा ले रहे हैं। सम्मेलन के प्रमुख हिस्सों में सुशासन संस्थान में मूल्यांकन एवं प्रभाव आकलन केन्द्र की स्थापना, चाइल्ड एवं जेन्डर बजटिंग पर कार्यशाला, सांख्यिकी प्रणाली को मजबूत बनाने के लिये क्षमता संवर्द्धन कार्यक्रम को भी जोड़ा गया। यह संयुक्त प्रयास प्रदेश के डेटा डिलीवरी तंत्र को सशक्त बनाने में सहायक होंगे।

विश्वसनीय डेटा संग्रहण का अभाव था, डेटा आत्मनिर्भरता के लिये किये गये ठोस प्रयास

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने कहा कि सूचना क्रांति के युग में डेटा उतना ही जरूरी है, जितना साँस लेना। अब डेटा के बिना जीवन की कल्पना नहीं की जा सकती। डेटा ज्ञान का स्त्रोत भी बन गया है। डीबीटी (डायरेक्ट बेनीफिट ट्रान्सफर) डेटा के बिना संभव नहीं। इस तरह डेटा सुशासन की नींव है। प्रदेश में डेटा संग्रहण और विश्लेषण की क्षमता निरंतर बढ़ाई गई है। प्रदेश में 1 करोड़ 30 लाख बहनों के खाते में सीधे राशि पहुँचाने का कार्य विश्वसनीय और व्यवस्थित आंकड़ों से संभव हुआ है। प्रदेश में पहले विश्वसनीय डेटा संग्रहण और विश्लेषण की क्षमता का अभाव था जो प्रदेश की कमजोरी थी। राज्य नीति आयोग और सुशासन संस्थान के री-ओरिएंटेशन, सांख्यिकी आयोग बनाने, डाटा आधारित सतत विकास लक्ष्य, चाइल्ड बजटिंग और जेंडर बजटिंग जैसे प्रयासों से डेटा के क्षेत्र में आत्म-निर्भरता के ठोस प्रयास किये गये। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने कहा कि मैं अर्थशास्त्री नहीं लेकिन यह जानता हूँ कि नीतियाँ बनाने, निर्णय लेने और नीतियों के क्रियान्वयन में डेटा की महत्वपूर्ण भूमिका है। आज मध्यप्रदेश में मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना की सफलता में डेटा प्रमुख आधार बना है। डेटा, शुद्ध सटीक और विश्वसनीय हो तो लोक कल्याण आसान हो जाता है। मध्यप्रदेश में डेटा आधारित सुशासन की कार्यप्रणाली विकसित करने के लिये मध्यप्रदेश सरकार ने बीते वर्षों में अनेक महत्वपूर्ण कदम उठाए है। इस व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिये इस सम्मेलन और कार्यशाला में महत्वपूर्ण संस्थाएँ एक मंच पर आई हैं, जो सराहनीय है।

मध्यप्रदेश में एन-डीएपी का उपयोग कर एमपी-डीएपी को एग्रीगेटर प्लेटफार्म के रूप में विकसित करने पर विचार

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने एन-डीएपी अर्थात राष्ट्रीय डेटा विश्लेषिकी प्लेटफार्म की उपयोगिता पर केंद्र सरकार के नीति आयोग के सहयोग से हो रही कार्यशाला को वर्चुअली संबोधित किया। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने कहा कि एन-डीएपी सरकारी डेटा की पहुँच और उपयोग में सुधार के लिये नीति आयोग की विशेष पहल है। यह प्लेटफार्म भारत के विशाल सांख्यिकी बुनियादी ढांचे से डेटासेट एकत्र और होस्ट करता है। इसे वर्ष 2020 से 2022 से मध्य विकसित किया गया है। एन-डीएपी का उपयोग कर मध्यप्रदेश डेटा एवं एनालिटिक्स प्लेटफार्म (एमपी-डीएपी) को एक एग्रीगेटर प्लेटफार्म के रूप में विकसित किये जाने पर विचार किया जाएगा। यह सम्मेलन एन-डीएपी की उपयोगिता और इसके इस्तेमाल के लिये कार्यशाला के संयोजन का महत्वपूर्ण माध्यम बना है। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने इस तथ्य आधारित सामाजिक एवं आर्थिक विकास सम्मेलन के लिये सहयोगी संस्थाओं यूनिसेफ, संयुक्त राष्ट्र प्रतिनिधि, एडीबी, अटल बिहारी वाजपेयी सुशासन एवं नीति विश्लेषण संस्थान, भोपाल (एग्पा) और राज्य नीति आयोग आयोग के पदाधिकारियों को बधाई दी। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने कहा कि नीतियाँ प्रभावी होंगी तो विकास अवरूद्ध नहीं होगा। आज प्रभावी नीतियों के निर्माण में विश्वसनीय सांख्यिकी डेटा का संग्रह और विश्लेषण आवश्यक है। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने सम्मेलन और कार्यशाला में एन-डीएपी की उपयोगिता पर मंथन के लिये एकत्र विषय-विशेषज्ञों को प्रदेश के विकास के लिये भी महत्वपूर्ण माध्यम बताया।

आहार अनुदान योजना की राशि से सुधरा बच्चों का पोषण-स्तर, यह इम्पेक्ट लाड़ली बहना योजना का आधार बना

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने कहा कि आज प्रदेश में लाड़ली बहना योजना लोकप्रिय हो रही है। इसके पहले वर्ष 2017 में प्रदेश में रहने वाली तीन विशेष पिछड़ी जनजातियों – बैगा, भारिया और सहरिया के परिवारों को प्रतिमाह एक हजार रूपये आहार अनुदान योजना में देना शुरू किया था। इस योजना की इम्पेक्ट स्टडी में ज्ञात हुआ कि जनजाति परिवारों ने प्राप्त राशि बच्चों के पोषण पर खर्च की। इससे इन परिवारों के बच्चों के स्वास्थ्य में सुधार आया। यह तथ्य लाड़ली बहना योजना के लिये प्रेरणादायी बना। लाड़ली बहना योजना की राशि भी बहनों द्वारा अपने बच्चों के पोषण पर खर्च करने की बात सामने आई है। परिवार की अन्य जरूरतों के लिये भी राशि काम आ रही है। मध्यप्रदेश में कभी बेटियाँ बोझ मानी जाती थी। निरतंर प्रयासों से लिंगानुपात में सुधार के साथ ही महिला सशक्तिकरण का कार्य हुआ है। लाड़ली बहना योजना से प्रदेश की बहनों की जिंदगी बदल रही है।

योजनाओं का प्रभाव देखना आवश्यक, प्रभाव आंकलन केन्द्र सुशासन व्यवस्था को अपग्रेड करेगा

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने रिफार्म, परफार्म और ट्रांसफार्म का मंत्र दिया है। मध्यप्रदेश भी इस मंत्र की सिद्धी में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। एग्पा (अटल विहारी वाजपेयी सुशासन एवं नीति विश्लेषण संस्थान) और मध्यप्रदेश राज्य नीति आयोग की मिली-जुली पहल से प्रभाव आंकलन केन्द्र, डेटा आधारित सुशासन व्यवस्था को साक्ष्य अधारित सुशासन व्यवस्था में अपग्रेड करने का महत्वपूर्ण कदम है। योजनाओं का प्रभाव देखने के लिये मूल्यांकन एवं प्रभाव आंकलन केन्द्र स्थापित किया गया है। अब तक नीतियों के प्रभावी होने और विकास से जुड़े सवालों के जवाब प्राप्त करने के लिये संस्थागत व्यवस्था नहीं थी। एग्पा में स्थापित यह केन्द्र योजनाओं के आमजन पर प्रभाव और उनकी जिंदगी में बदलाव लाने से संबंधित प्रश्नों का जवाब देने का कार्य भी करेगा। योजनाओं का मूल्यांकन कर साक्ष्य प्रस्तुत करने और योजनाओं के सुधार के लिये रचनात्मक सुझाव देने का कार्य भी हो सकेगा। प्रदेश में आर्थिक एवं सांख्यिकी संचालनालय के अधिकारी-कर्मचारी विश्वसनीय सांख्यिकी जुटाने का जिम्मा संभाल रहे हैं। टीम बधाई की पात्र हैं।

चाइल्ड और जेन्डर बजटिंग

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने कहा कि मध्यप्रदेश में वर्ष 2007 से जहां जेन्डर बजटिंग की शुरूआत की गई वहीं 2022 से आउटकम ओरिएंटेड चाइल्ड बजटिंग को अपनाया गया। यह कार्यशाला राज्य शासन, सार्वजनिक वित्त संस्थान, निजी क्षेत्र के विशेषज्ञों को एक मंच पर लाकर मध्यप्रदेश के समग्र विकास के लिये चाइल्ड एवं जेंडर सेंसटिव बजटिंग की उपयोगिता को प्रतिष्ठित करेगी।

प्रो. सचिन चतुर्वेदी, उपाध्यक्ष मध्यप्रदेश राज्य नीति आयोग ने कहा कि मध्यप्रदेश सांख्यिकी आयोग बनाने वाला पहला राज्य है। योजनाओं के प्रभाव के आंकलन के लिये प्रदेश में युवाओं को प्रशिक्षण भी दिया गया है। अनुपूरक बजट में मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना के क्रियान्वयन के लिये राशि के प्रावधान और महिला सशक्तिकरण कार्यक्रमों के लिये स्थाई व्यवस्थाएँ की गई है। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने पंद्रहवें वित्त आयोग द्वारा योजनाओं के थर्ड पार्टी असेसमेंट के सुझाव को अपनाया। उन्होंने कहा कि जिस तरह एशियन डेवलपमेंट बैंक ने मूल्यांकन के लिये पृथक ऑफिस बनाया है, वैसा ही मध्यप्रदेश में अनेक योजनाओं के क्रियान्वयन स्तर को परखने के लिये व्यवस्था की गई है।

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह द्वारा मुख्यमंत्री निवास से कार्यशाला और सम्मेलन में वर्चुअल संबोधन के अवसर पर अटल बिहारी वाजपेयी सुशासन एवं नीति विश्लेषण संस्थान, भोपाल (एग्पा) के मुख्य कार्यपालन अधिकारी राघवेन्द्र सिंह, प्रमुख सचिव योजना एवं आर्थिक सांख्यिकी मुकेश चंद्र गुप्ता उपस्थित थे।

Latest Crime News: थाना कोलार रोड पुलिस ने शातिर चचेरे भाई बहन नकबजनो को किया गिरफ्तार

 

भोपाल, थाना कोलार रोड भोपाल मे दिनाँक 06/09/22 को फरियादी चंदन सैनी पुत्र जगन्नाथ सैनी उम्र 27 साल निवासी म.न.- 582, माता मंदिर के पास, सर्वधर्म सी सेक्टर थाना कोलार रोड जिला भोपाल ने रिपोर्ट किया था कि दिनांक 04.09.2022 को रात करीबन 08.00 बजे के आसपास की बात है कि अपने घर से मेन दरवाजा का ताला लगाकर रोजाना की तरह अपने मामा घनश्याम सैनी के घर चला गया था, वहाँ से दिनांक 05.09.2022 को प्रातः करीबन 08.00 बजे वापस आया तो घर के मेन दरवाजा का ताला टूटा हुआ था । किंतु टूटा ताला वहाँ पर नही मिला । घर के अंदर जाकर देखा तो घर का सामान बिखरा हुआ था तथा मेरे घर से सोनी एलईडी टीव्ही, सोनी की एक जोडी झूमकी, एक सोनी की अंगुठी, चांदी की 04 सिक्के, एक सैमसंग एम20 मोबाईल तथा 18000/- रुपये नगद नही मिला । कोई अज्ञात चोर उक्त सारी सामग्री चोरी कर ले गए । रिपोर्ट पर अप.क्रमांक 720/22 धारा 457,380 भादवि का कायम कर विवेचना मे लिया गया था ।

की गई कार्यवाही – वर्तमान बढती नकबजनी की घटनाओ को ध्यान मे रखते हुए श्री हरिनारायणाचारी मिश्र पुलिस आयुक्त भोपाल, श्री अवधेश गोस्वामी अति. पुलिस आयुक्त भोपाल के निर्देशन मे तथा श्री सुंदर सिंह कनेश पुलिस उपायुक्त जोन 04 भोपाल, श्री मलकीत सिंह अति. पुलिस उपायुक्त जोन 04 भोपाल के मार्गदर्शन में तथा श्रीमती अंजली रघुवंशी सहा. पुलिस आयुक्त चूनाभट्टी संभाग के कुशल नेतृत्व मे थाना कोलार रोड द्वारा दिनांक 11/09/2023 को अपराध क्रं.- 720/2022 धारा 457, 380 भादवि मे मुखबिर कि सूचना पर जिला सीहोर थाना दोराहा अंतर्गत दोराहा जोड पहूंचकर मुखबिर द्वारा बताए गए संदेही की तलाश पतारसी करने पर संदेही उसकी झुग्गी मे मिला जिससे नाम पता पूछने पर संदेही द्वारा अपना नाम गोदान सिंह पंवार पुत्र स्व मांगीलाल पंवार उम्र 40 साल निवासी ग्राम दोराहा जोड थाना दोराहा जिला सीहोर का निवासी होना बताया । जिसे अपराध धारा सदर मे समक्ष गवाहान संदेही गोदान सिंह पंवार पुत्र स्व मांगीलाल पंवार उम्र 40 साल निवासी ग्राम दोराहा जोड थाना दोराहा जिला सीहोर से हिकमतअमली से पूछताछ करने पर संदेही द्वारा फोटोग्राफ मे दिखाए गए एक सोने की अंगुठी, सोने की एक जोडी झूमकी तथा चांदी के चार सिक्के उसकी झुग्गी मे छिपाये होना बताया ।

जिस पर समक्ष गवाहान के धारा 27 भारतीय साक्ष्य अधिनियम का मेमोरेण्डम लेख किया गया । बाद आरोपी गोदान सिंह के मेमोरेण्डम के आधार पर उसकी झुग्गी की तलाशी समक्ष गवाहान के लेने पर अपराध धारा सदर मे चोरीशुदा सोने की अंगुठी, सोने की एक जोडी झूमकी तथा चांदी के चार सिक्के झुग्गी मे रखे प्लास्टिक के डब्बे मे रखे मिले जिस पर चोरीशुदा सोने की अंगुठी, सोने की एक जोडी झूमकी तथा चांदी के चार सिक्के को विधिवत् मुताबिक जप्ती पत्रक के जप्त किया गया । बाद आऱोपी गोदान सिंह को विधिवत् गिरफ्तार किया गया ।

गिरफ्तार आरोपी गोदान सिंह से पूछताछ करने पर 02 अन्य प्रकरणो मे अपनी चचेरी बहन मनीषा उर्फ डिस्को के साथ चोरी करना स्वीकार किया जो मनीषा उर्फ डिस्को पत्नी अलीसा खान उम्र 40 साल निवासी आराधना नगर थाना निशातपुरा भोपाल हाल पता- मेनरोड दोराहा जोड थाना दोराहा जिला सीहोर को हिरासत मे लेकर पूछताछ करने पर थाना कोलार रोड भोपाल के अप.क्रमांक 85/23 धारा 457,380 भादवि मे 08 हजार रूपये नगदी व अप.क्रमांक 571/23 धारा 457,380 भादवि मे एक जोडी सोने की झूमकी, एक सोने की अंगूठी, 04 जोडी चांदी के पायल, 03 चांदी के कडे, चांदी की करधनी बरामद कर कब्जा पुलिस लिया गया । दोनो आरोपियो के पूर्व मे भी आपराधिक रिकार्ड है ।

कुल जप्ता मशरूका- एक सोने की अंगुठी, सोने की एक जोडी झूमकी तथा चांदी के चार सिक्के , एक जोडी सोने की झूमकी, एक सोने की अंगूठी, 04 जोडी चांदी के पायल, 03 चांदी के कडे, चांदी की करधनी तथा 08 हजार रूपये नगदी कुल कीमती 02 लाख रूपये ।

गिरफ्तार आरोपी- 1. गोदान सिंह पंवार पुत्र स्व मांगीलाल पंवार उम्र 40 साल निवासी ग्राम दोराहा जोड थाना दोराहा जिला सीहोर

2. मनीषा उर्फ डिस्को पत्नी राजा अली उर्फ अलीसा उम्र 40 साल निवासी आराधना नगर थाना निशातपुरा भोपाल हाल पता- मेनरोड दोराहा जोड थाना दोराहा जिला सीहोर l

आपराधिक रिकार्ड
मनीषा उर्फ डिस्को पत्नी राजा अली उर्फ अलीशा उम्र 40 साल निवासी आराधना नगर थाना निशातपुरा जिला भोपाल हाल पता- दोराहा जोड थाना दोराहा जिला सीहोर ।
क्रमांक अपराध क्रमांक धारा थाना
01. 154/05 454, 380 भादवि तलैया
02. 294/05 454, 380 भादवि कोहेफिजा
03. 134/06 379 भादवि तलैया
04. 236/06 454, 380 भादवि कोहेफिजा
05. 336/06 454, 380 भादवि पिपलानी
06. 61/11 454, 380 भादवि चंदन नगर रंगरेड्डी तेलगाना
07. 68/11 454, 380 भादवि तिरूपति रेनिगुनटा आन्ध्रप्रदेश
08. 844/14 160 भादवि निशातपुरा
09. 232/14 454, 380 भादवि मलकाजगिरी रंगरेड्डी तेलंगाना
10. 264/16 454, 380 भादवि कंचनबाग हैदराबाद सिटी तेलंगाना
11. 152/19 454, 380 भादवि काचीपेट बारंगल तेंलगाना
12. 720/22 454, 380 भादवि कोलार रोड भोपाल
13. 85/23 454, 380 भादवि कोलार रोड भोपाल
14. 571/23 454, 380 भादवि कोलार रोड भोपाल

आपराधिक रिकार्ड
गोदान सिह पंवार पुत्र स्व मांगीलाल उम्र 40 साल निवासी दोराहा जोड थाना दोराहा जिला सीहोर ।
क्रमांक अपराध क्रमांक धारा थाना
01. 226/15 294, 323, 506, 34 भादवि दोराहा, सीहोर
02. 240/22 304-ए भादवि गुनगा, भोपाल
03. 720/22 457, 380 भादवि कोलार रोड, भोपाल
04. 85/23 457, 380 भादवि कोलार रोड, भोपाल
05. 571/23 457, 380 भादवि कोलार रोड, भोपाल

सराहनीय भूमिका- थाना प्रभारी निरीक्षक आशुतोष उपाध्याय,उनि रविन्द्र चोकले , उनि जोगेन्द्र नेगी, प्रआर बृजकिशोर जादौन , प्रआर मनोज श्रीवास्तव , प्रआर राजकुमार , मप्रआर चमेली पंवार , आर कपिल कौशिक , आर बलराम कुर्मी , आर, तारासिंह , आर गिर्रराज , आर चंदर धनगर , आर अनिल बडोले , आर रविन्द्र मालवीय मआर नेहा चौहान व मआर सुधा शर्मा की महत्वपूर्ण सराहनीय भूमिका रही है I

भौम प्रदोष व्रत पर आज बनेंगे 3 शुभ योग, इस मंत्र का करें जाप

Om Namah Shivay

 

हिंदू धर्म में हर माह प्रमुख व्रत व त्योहार आते हैं, जो पूरी आस्था व उल्लास के साथ मनाए जाते हैं। फिलहाल भादो मास चल रहा है और 12 सितंबर को Bhadrapad Bhaum Pradosh Vrat रखा जाएगा। भौम प्रदोष व्रत के दिन ग्रह-नक्षत्रों का खास संयोग भी बन रहा है, जिससे व्रत करने वाले श्रद्धालुओं को दोगुना लाभ होगा।

भगवान शिव के लिए रखा जाता है प्रदोष व्रत

गौरतलब है कि भगवान भोलेनाथ को प्रसन्न करने के लिए हर माह प्रदोष व्रत रखा जाता है। पौराणिक मान्यता है कि इस व्रत को करने से पुण्य फल की प्राप्ति होती है। इसे भौम प्रदोष व्रत कहते हैं। हिंदू पंचांग के मुताबिक, आखिरी भौम प्रदोष व्रत 12 सितंबर 2023 को है। इस दिन भगवान शिव के साथ-साथ हनुमान जी की भी विशेष आराधना करना चाहिए।

भौम प्रदोष व्रत 2023 मुहूर्त

भौम प्रदोष व्रत 12 सितंबर 2023 को है और इस दिन शाम 06.30 मिनट से रात 08. 49 मिनट तक शिव पूजा का शुभ मुहूर्त है। सूर्यास्त से 45 मिनट पहले और सूर्यास्त के 45 मिनट बाद तक पूजा कर लेना चाहिए।

ग्रह नक्षत्रों का ये शुभ संयोग

सितंबर माह के पहले भौम प्रदोष व्रत वाले दिन सर्वार्थ सिद्धि योग, शिव योग और बुधादित्य योग निर्मित हो रहा है। शिवयोग में पूजा करने से भक्तों पर भगवान भोलेनाथ की कृपा बरसेगी। इस दिन सर्वार्थ सिद्धि योग सुबह 06:04 बजे से रात 11.01 तक रहेगा, वहीं शिव योग 12 सितंबर 2023 को सुबह 12:14 बजे से 13 सितंबर 2023 की सुबह तक रहेगा।

इस मंत्र का जरूर करें जाप

ऊं नम: शिवाय

ऊं आशुतोषाय नम:

ऊं नमो धनदाय स्वाहा

ऊं ह्रीं नम: शिवाय ह्रीं ऊं

इंडोनेशिया में आया 5.9 तीव्रता का भूकंप, मालुकु प्रांत में कांपी धरती

Earthquake of 5.9 magnitude

 

जकार्ता। मोरक्को के बाद अब इंडोनेशिया में भूकंप आया है। उत्तरी मालुकु प्रांत में इसका असर दिखाई दिया। जानकारी के मुताबिक रिक्टर स्केल पर इसकी तीव्रता 5.9 दर्ज की गई है। उधर समाचार एजेंसी रायटर ने जर्मन रिसर्च सेंटर फार जियोसाइंसेज द्वारा भूकंप की तीव्रता को 6.2 बताया है।

झटका लगते ही घरों से बाहर भागे लोग

इंडोनेशिया में आए भूकंप के बाद लोग डरकर अपने घरों से बाहर भागे। भूकंप के बाद जान-माल के नुकसान की अभी तक कोई भी खबर सामने नहीं आई है। इंडोनेशिया के भूविज्ञानियों के अनुसार भूकंप की तीव्रता 5.9 दर्ज की गई। यहां भूकंप का केंद्र जेलोलो शहर के करीब 11 किमी दूर हल्माहेरा द्वीप पर सतह से 168 किमी अंदर बताया जा रहा है।

पहले भी यहां आ चुके हैं भूकंप

यह पहली बार नहीं है जब इंडोनेशिया के मालुकु प्रांत में भूकंप आया हो, इसके पहले भी यहां कई बार झटके महसूस किए गए हैं। लेकिन इस बार आए भूकंप की तीव्रता ज्यादा बताई जा रही है। जिससे लोग अभी भी डरे हुए हैं।

जेलोलो के एक होटल के कर्मचारी के अनुसार भूकंप का झटका बहुत तेज था। अभी तक किसी भी तरह के नुकसान की जानकारी सामने नहीं आई है। वहीं इंडोनेशिया के मानदो में भी काफी तेज झटका महसूस गिया गया। अचानक धरती हिलने से लोग डर गए और घरों से बाहर भागे।

अंडमान सागर में 4.4 तीव्रता का भूकंप, 93 किमी गहराई पर था केंद्र

Earthquake of 4.4 magnitude

 

अंडमान सागर में मंगलवार तड़के भूकंप का तेज झटका महसूस किया गया। राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र (नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी) ने जानकारी दी है कि अंडमान सागर में भूकंप सुबह करीब 3.29 बजे आया। रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 4.4 मापी गई और इस भूकंप की गहराई 93 किमी थी।

गौरतलब है कि इससे पहले मणिपुर के उखरूल में सोमवार देर रात भूकंप की झटके आए थे और इसकी तीव्रता 5.1 मापी गई थी। मणिपुर में आए भूकंप का केंद्र 20 किमी की गहराई पर था।

इंडोनेशिया में भी आया था 6.0 तीव्रता का भूकंप

वहीं इंडोनेशिया में भी इससे पहले तेज भूकंप का झटका महसूस किया गया था। रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 6.0 मापी गई। भूकंप की गहराई 150 किमी थी। बंगाल की खाड़ी में भी भूकंप के झटके के कारण लोगों में दहशत है। रिक्टर स्केल पर इसकी तीव्रता 4.4 मापी गई थी।

nmms-scholarship-2026-27

NMMSS Scholarship 2026-27: छात्रों को बड़ी राहत, छात्रवृत्ति आवेदन की अंतिम तारीख बढ़ी, अब...

0
नई दिल्ली। आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के मेधावी विद्यार्थियों के लिए केंद्र सरकार ने बड़ी राहत दी है। शिक्षा मंत्रालय ने राष्ट्रीय साधन-सह-योग्यता...
akshara goswami

मध्यप्रदेश स्थापना दिवस पर 102 मेधावी विद्यार्थियों का सम्मान, हर छात्र को मिली 1...

0
भोपाल। मध्यप्रदेश के 71वें स्थापना दिवस के अवसर पर प्रदेश की शैक्षणिक प्रतिभाओं को सम्मानित किया गया। भोपाल के लाल परेड मैदान में आयोजित...
poshan-tracker-pmmvy-grievance-redressal-2026

POSHAN Tracker और PMMVY की शिकायतों का होगा निपटारा, 30 अक्टूबर को देशभर में...

0
नई दिल्ली | 30 अक्टूबर 2026 | सामाजिक कल्याण समाचार केंद्र सरकार ने गर्भवती महिलाओं, स्तनपान कराने वाली माताओं और पोषण सेवाओं के लाभार्थियों की...
anath-bachchon-ke-liye-sarkari-yojana-2026

अनाथ बच्चों के लिए सरकार की खास योजनाएँ, पढ़ाई से लेकर आर्थिक सहायता तक

0
नई दिल्ली | सरकारी योजना समाचार देश में ऐसे कई बच्चे हैं, जिन्होंने अपने माता-पिता को खो दिया है या जिनके पास देखभाल करने वाला...
Government welfare schemes have improved the living standards of 22 crore people

सरकारी कल्याण योजनाओं से 22 करोड़ लोगों के जीवन स्तर में सुधार, MoSPI के...

0
नई दिल्ली। भारत में सरकारी सामाजिक कल्याण योजनाओं के माध्यम से गरीब और जरूरतमंद परिवारों को मिलने वाली मुफ्त या रियायती वस्तुओं से उनके...