गरियाबंद, 25 जून/ छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले के वन परिक्षेत्र मैनपुर में आज जंगली हाथी के हमले में एक ग्रामीण
महिला की मौत हो गई। वन विभाग सूत्रों के अनुसार मैनपुर से 10 किलोमीटर दूर ग्राम सिहार में सुबह दो महिलाएं गांव के नजदीक ही वनोपज का संग्रहण कर रही थीं कि अचानक एक हाथी ने हमला कर दिया। हाथी के हमले से महिला की मौके पर ही मौत हो गई। मृत महिला का नाम कौशल्या नेताम उम्र 48 वर्ष है। जानकारी लगते ही वन विभाग और पुलिस विभाग का अमला मौके पर पहुंचा। जबकि एक अन्य महिला अपनी जान बचाकर भागी।
हाथी के हमले में महिला की मौत
राज्यमंत्री दर्जा प्राप्त नरेंद्र सिंह तोमर ने छोड़ी पार्टी
मांधाता। मध्य प्रदेश में विधानसभा चुनाव से पहले बीजेपी की मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं। पार्टी से रूठ कर कांग्रेस में जाने वाले नेताओं का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। बीजेपी का अब एक और बड़ा झटका लगा है। भाजपा के सीनियर नेता तथा मध्य प्रदेश पर्यटन विकास निगम के उपाध्यक्ष राज्यमंत्री का दर्जा प्राप्त नरेंद्र सिंह तोमर ने भाजपा के प्राथमिक सदस्यता और पर्यटन निगम उपाध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया है।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक राज्यमंत्री का दर्जा प्राप्त नरेंद्र सिंह तोमर पार्टी की प्राथमिक सदस्यता और पर्यटन निगम उपाध्यक्ष पद से 21 जून को ही इस्तीफा दे चुके हैं। उन्होंने CM शिवराज सिंह, संगठन मंत्री और प्रदेश अध्यक्ष को अपना इस्तीफा सौंपा है। हालांकि, अब तक उनके इस्तीफा देने के कारणों का खुलासा नहीं हुआ है। तोमर का इस्तीफा इसलिए भी अहम है क्योंकि उन्हें शिवराज सरकार ने राज्य मंत्री का भी दर्जा दिया है।
आगामी विधानसभा चुनाव से पहले उनके इस्तीफे से सियासी गलियारों में हलचल तेज हो गई है। माना जा रहा है कि तोमर जल्द ही कांग्रेस का दामन थाम सकते हैं। नरेंद्र सिंह तोमार निमाड़ क्षेत्र के सीनियर नेता हैं। वह जनसंघ के समय से सक्रिय हैं और साल 1985 से लेकर अबतक पार्टी के कई पदों पर रह चुके हैं। 2003 और 2018 विधानसभा चुनाव में वे भारतीय जनता पार्टी की ओर से चुनाव भी लड़ चुके हैं।
तोमर खंडवा कृषि उपज मंडी, जिला सहकारी बैंक और भूमि विकास बैंक के अध्यक्ष के अलावा एनएचडीसी के डॉयरेक्टर पद की जिम्मेदारी भी संभाली है। वे BJP के कई प्रकोष्ठ के अध्यक्ष भी रह चुके हैं। ऐसे में उनके इस्तीफे के बाद भाजपा को पूरे निमाड़ क्षेत्र में नुकसान झेलना पड़ सकता है।।तोमर ने अपने पद से इस्तीफा देने के ठोस कारणों का खुलासा नहीं किया है। उनका कहना है कि वे परिवार और समाज को समय देने के लिए पार्टी से निवृत्त हो रहें हैं।
लखन सिंह ने जीती बिरयानी की चैंपियन्स लीग
नयी दिल्ली, एल टी फूड्स लिमिटेड के प्रमुख ब्राण्ड ‘दावत’ के बैनर तले शनिवार को आयोजित ‘बिरयानी चैंपियन्स लीग’ का खिताब शेफ लखन सिंह ने हासिल किया।दावत ने इस मंच के माध्यम से पेशेवर बावर्चियों को अपने कौशल एवं रचनात्मकता को दर्शाने का मौका दिया। ‘दावत बिरयानी चैंपियन्स लीग’ के लिये जजों के पैनल में सेलेब्रिटी शेफ मनजीत गिल, शेफ वंशिका भाटिया शामिल थे। पैनल का नेतृत्व जाने-माने पकवान समीक्षक और पत्रकार वीर संघवी ने किया।
वृन्दावन में मठ और मन्दिर की बिक्री रोकने में योगी ने मांगा संतों का सहयोग
मथुरा, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वृन्दावन में संतों के साथ जलपान ग्रहण करने के दौरान कहा है कि वृन्दावन में मठ और मन्दिर नहीं बिकने चाहिए।मुख्यमंत्री की संतों से हुई चर्चा का विवरण रविवार को देते हुए अखिल भारतीय चतुःसम्प्रदाय के अध्यक्ष फूलडोल महराज ने बताया कि मुख्यमंत्री ने संतों से इसकी जिम्मेदारी लेने का अनुरोध किया और कहा कि जो माफिया दबाव डालकर खरीदना चाहेगा ,उसके खिलाफ कार्रवाई होगी।उन्होंने बताया कि वृन्दावन काॅरीडोर पर भी मुुख्यमंत्री से चर्चा हुई तथा उन्होेने स्वयं कहा कि काॅरीडोर तो बनना ही चाहिए क्योंकि इससे तीर्थयात्रियों को सुविधा मिलेगी किंतु दुकानदारों को दुकान एवं मुआवजा तथा बांकेबिहारी मन्दिर के सेवादारों को मकान के लिए समुचित मुआवजा भी मिलना चाहिए।संत ने यह भी बताया कि मुख्यमंत्री ने चौरासी कोस परिक्रमा के जीर्णोद्धार कार्यक्रम में संतों से सहयोग की अपेक्षा की और कहा कि सरकार तो कार्यक्रम करती है पर स्थानीय स्तर पर कोई अड़चन न हो तथा परिक्रमा के मूल स्वरूप में बदलाव न हो इसके लिए संतों को भी सहयोग करना चाहिए। बकौल संत फूलडोल महाराज योगी ने तो यहां तक कहा कि वे ब्रज के उत्थान के लिए समर्पित हैं। मुख्यमंत्री ने कुंभ क्षेत्र में वृक्षारोपण करने का भी आह्वान किया ।मुख्यमंत्री ने जहां दीनदयाल वेटेरिनरी यूनिवर्सिटी में वृक्षारोपण भी किया वहीं उन्होंने वृन्दावन में परिक्रमा मार्ग पर जल निगम अर्बन द्वारा बनाई जा रही सीवर लाइन का भी निरीक्षण किया। सीवरलाइन का प्रतिस्थापन 500 मिमी से 600 मिमी व्यास का है जो 1420 मीटर लम्बी होगी तथा जिसमें 40 मेनहोल बनाए जाएंगे। इस परियोजना में सीवर लाइन के कुल प्रतिस्थापन में से 1220 मीटर को परिक्रमा मार्ग पर बदला जाना है। निरीक्षण के बाद मुख्यमंत्री पर्यटक सुविधा केन्द्र गए जहां उन्होंने संतों से विचार विमर्श के साथ जलपान भी किया।मुख्यमंत्री ने शनिवार की देर शाम श्रीकृष्ण जन्मभूमि में भागवत भवन मन्दिर में पूजन अर्चन किया तथा बाद में उ0प्र0 व्रज तीर्थ विकास ट्रस्ट द्वारा श्रीकृष्ण जन्मभूमि परिसर में निर्मित हाल में ध्वनि एवं प्रकाश कार्यक्रम का लोकार्पण भी किया।
Emergency Anniversary: 48 साल पूरा होने पर बोले CM शिवराज भारतीय संविधान और लोकतंत्र का गला घोंटकर आपातकाल लागू किया गया
भोपाल, साल 1975 में आज ही के दिन यानी 25 जून को लागू हुई इमरजेंसी के 48 साल पूरे हो गए हैं. 25-26 जून की रात को आपातकाल के आदेश पर राष्ट्रपति फखरुद्दीन अली अहमद ( Fakhruddin Ali Ahmed 5th President of india) के दस्तखत के साथ देश में इमरजेंसी लागू हो गई. अगली सुबह पूरे देश ने रेडियो पर तत्कालीन PM (prime minister of india) इंदिरा गांधी (indira gandhi) की आवाज में संदेश सुना- भाइयों और बहनों, राष्ट्रपति जी ने आपातकाल की घोषणा की है, लेकिन इससे सामान्य लोगों को डरने की जरूरत नहीं है. आपाकाल की बरसी पर CM शिवराज ने ट्वीट कर इन दिनों को डार्क डेज ऑफ इमरजेंसी (dark days of emergency) करार दिया है.
CM शिवराज (madhya Pradesh chief minister shivraj singh chouhan) ने ट्वीट किया
1975 में आज के ही दिन भारतीय संविधान और लोकतंत्र का गला घोंटकर आपातकाल लागू किया गया था.आम नागरिक से लेकर प्रेस की अभिव्यक्ति के अधिकार को कुचला गया, प्रत्येक मुखर आवाज पर ताले जड़ दिए गए; जो इस अन्याय के विरुद्ध डटे रहे, उन्हें काल कोठरी के अंधेरों में ठूंसकर चुप कराने का क्रूरतम प्रयास किया गया. लोकतंत्र के हत्यारों के विरुद्ध लड़ने वाले लोकतंत्र सेनानियों तथा आपातकाल की क्रूर यातनाओं को सहते हुए अपने प्राणों का बलिदान कर देने वाले महान आत्माओं के चरणों में सादर नमन करता हूं. हे मां भारती,आज हम सब एक और संकल्प लेते हैं कि लोकतंत्र की रक्षा के लिए अपना सब कुछ समर्पित कर देने वाले महान आत्माओं के सपनों के भारत के निर्माण के लिए अपना सर्वस्व झोंककर कार्य करेंगे.
ways to save money:- ट्रेन के लंबे सफर में खाने की ये 3 देशी चीजें नहीं होंगी खराब
कई लोग अधिकतर समय ट्रेन के सफर में ही रहते हैं। ट्रेन का सफर बस की अपेक्षा लंबा रहता है। ऐसे में रेलवे स्टेशन पर जहां रेल रुकती हैं वहीं कुछ खाकर पेट भरना होता है, परंतु कई बार ऐसे स्टेशन आते हैं जहां पर ढंग का कुछ खाने को नहीं मिलता है और तब परेशानी खड़ी हो जाती है। ऐसे में आप चाहते तो 3 ऐसी चीजें रखें जो कभी भी खराब नहीं होगी और आपकी भूख भी मिट जाएगी।
अचार : आप आम का अचार, आंवले का अचार या किसी भी प्रकार का अचार रख लें। यह कभी खराब नहीं होता है। खाने में यदि सब्जी या दाल नहीं है तो इसे रोटी या ब्रेड के साथ खाकर अपनी भूख मिटा सकते हैं। इसमें सभी तरह का स्वाद और पोषक तत्व होते हैं।
सत्तू : आप शक्कर मिला सत्तू का एक पैकेट रखें। एक कप मानी में 3 चम्पच स्तू घोल कर इसे पीकर अपनी भूख और प्यास दोनों मिटा सकते हैं। यह बहुत पौष्टिक भी होता है।
खाखरा : यह एक गुजराती व्यंजन है। गेहूं के आटे, बेसन, कसूरी मेथी और तेल से बनाया जाता है। सभी तरह के मसालों का उपयोग करके इसे बनाया जाता है। यह एक प्रकार की नमकीन पूड़ी होती है। यह कई दिनों तक खराब नहीं होती है। इसे अचार, नमकीन या चिवड़े के साथ खा सकते हैं।
karishma kapoor birthday 49 वर्ष की हो गयी करिश्मा कपूर
मुंबई, बॉलीवुड की जानीमानी अभिनेत्री करिश्मा कपूर आज 49 वर्ष की हो गयी। 25 जून 1974 को मुंबई में जन्मी करिश्मा कपूर को अभिनय की कला विरासत में मिली। उनके पिता रणधीर कपूर अभिनेता, जबकि मां बबीता जानी-मानी फिल्म अभिनेत्री थीं। करिश्मा कपूर ने बतौर अभिनेत्री अपने सिने करियर की शुरुआत वर्ष 1991 में प्रदर्शित फिल्म प्रेम कैदी से की।करिश्मा की किस्मत का सितारा वर्ष 1996 में प्रदर्शित फिल्म राजा हिंदुस्तानी से चमका। इस फिल्म में उनके नायक के रूप में आमिर खान थे। बेहतरीन गीत, संगीत और अभिनय से सजी इस फिल्म की कामयाबी ने करिश्मा कपूर को स्टार के रूप में स्थापित कर दिया।वर्ष 1997 में प्रदर्शित फिल्म दिल तो पागल है करिश्मा कपूर के सिने करियर की एक और महत्वपूर्ण फिल्म साबित हुयी। यश चोपड़ा के निर्देशन में बनी इस फिल्म में उनका मुकाबला माधुरी दीक्षित से था बावजूद इसके अपने सधे हुये अभिनय से वह दर्शकों का ध्यान अपनी ओर आकर्षित करने में सफल रहीं। नब्बे के दशक में करिश्मा कपूर पर यह आरोप लगने लगे कि वह केवल ग्लैमरस किरदार ही निभाने में सक्षम है। इस छवि से बाहर निकालने में निर्माता..निर्देशक श्याम बेनेगल ने उनकी मदद की और उन्हें लेकर फिल्म .जुबैदा. का निर्माण किया। इस फिल्म में उन्होंनेजुबैदा की टाइटिल भूमिका में दिखाई दी। फिल्म में अभिनेत्री रेखा की मौजूदगी के बावजूद करिश्मा कपूर ने अपने सशक्त अभिनय से दर्शको की वाहवाही लूटने में सफल रही।फिल्म में अपने दमदार अभिनय के लिये वह फिल्म फेयर के समीक्षक पुरस्कार से सम्मानित की गयी।अपने फिल्मी समय में करिश्मा कपूर ने दर्शकों की पसंद को देखते हुए छोटे पर्दे का भी रूख किया और करिश्मा ने बतौर अभिनेत्री काम करके दर्शको का भरपूर मनोरंजन किया। वर्ष 2003 में उधोगपति संजय कपूर से शादी करने के बाद करिश्मा कपूर ने फिल्म इंडस्ट्री को अलविदा कह दिया, लेकिन बाद में फिल्म निर्माता सुनील दर्शन के जोर देने पर करिश्मा कपूर ने फिल्म‘मेरे जीवन साथी‘के जरिये फिल्म इंडस्ट्री में एक बार फिर से वापसी की। फिल्म में अपने एंटी किरदार से करिश्मा कपूर ने दर्शको को रोमांचित कर दिया।
करिश्मा कपूर के सिने करियर में उनकी जोड़ी अभिनेता गोविन्दा के साथ काफी पसंद की गयी। उनकी जोड़ी सबसे पहले वर्ष 1993 में प्रदर्शित फिल्म ‘मुकाबला‘ में एक साथ पसंद की गई। बाद में उनकी जोड़ी को फिल्मकारो ने अपनी फिल्मों में रिपीट किया। इन फिल्मों में राजा बाबू,दुलारा,खुद्दार, कुली नंबर वन,साजन चले ससुराल, हीरो नंबर वन, हसीना मान जायेगी ,शिकारी जैसी फिल्में शामिल हैं।करिश्मा कपूर को उनके सिने करियर में तीन बार फिल्म फेयर पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। वर्ष 1996 में प्रदर्शित फिल्म‘राजा हिंदुस्तानी’के लिए सर्वप्रथम उन्हें सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री का फिल्म फेयर पुरस्कार दिया गया। इसके बाद वर्ष 1997 में प्रदर्शित फिल्म ‘दिल तो पागल है’ के लिए उन्हें सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेत्री का फिल्म फेयर और राष्ट्रीय पुरस्कार ,वर्ष 2000 में फिल्म ‘फिजा‘ के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री का फिल्म फेयर पुरस्कार भी दिया गया। वर्ष 2012 में प्रदर्शित फिल्म ‘डेंजरस इश्क’ से करिश्मा कपूर ने इंडस्ट्री में दूबारा वापसी की लेकिन दुर्भाग्य से यह फिल्म सफल नहीं रही। करिश्मा कपूर ने अपने दो दशक लंबे सिने करियर में लगभग 60 फिल्मों में काम किया है।
450 करोड़ की लागत से बने डुमना एयरपोर्ट का प्रधानमंत्री मोदी कर सकते हैं लोकार्पण
जबललपुर के डुमना एयरपोर्ट के विस्तारीकरण व आधुनिकीकरण का काम आखिरी दौर में है। सितंबर 2023 तक इस काम को पूर्ण होने का अंदेशा है। ऐसे में केंद्रीय नागर विमानन मंत्रालय 450 करोड़ की लागत से बने इस एयरपोर्ट का लोकार्पण प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथों करवाने की योजना बना रहा है। इस संबंध में अधिकारियों के पास जरूरी निर्देश भी आ गए हैं। एयरपोर्ट में विस्तारीकरण के तहत कई कार्य हुए है। इन सभी कार्य को विधानसभा चुनाव से पहले जनता को समर्पित करने का प्रयास हो रहा है।
इंदौर के बाद प्रदेश में सबसे लंबा रनवे
डुमना एयरपोर्ट का रनवे बनकर तैयार हो चुका है। प्रदेश में इंदौर के बाद जबलपुर का सबसे लंबा रनवे है। इसका लोकार्पण पिछले दिनों किया जाना था, लेकिन मंत्रालय और स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने कार्यक्रम को टाल दिया। डुमना एयरपोर्ट के कार्य को बड़े स्तर पर जनता के बीच पहुंचाने के लिए एक साथ लोकार्पण का कार्यक्रम करने की योजना बनाई जा रही है। सितंबर माह में इसके लिए प्रधानमंत्री का कार्यक्रम तय हो रहा है ताकि उनके हाथों एयरपोर्ट का लोकार्पण हो सके।














ईशांत शर्मा ने विराट कोहली के लिए कहा…
भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान विराट कोहली (Virat Kohli) का फैन बेस बहुत बड़ा है. वह मैदान पर काफी आक्रामक रहते हैं जिसके चलते उनके फैंस भी उत्साह से भर जाते हैं. वह चाहे आईपीएल में आरसीबी से खेलें, भारत के लिए किसी आईसीसी टूर्नामेंट में या फिर कोई टेस्ट मैच खेल रहे हों, उनका अंदाज कभी नहीं बदलता. अब उन्हीं के पुराने साथी ने विराट कोहली को लेकर चौंकाने वाला दावा किया है.
ईशांत शर्मा ने एक यूट्यूब चैनल पर कहा, ‘जिस दिन विराट के पिता का निधन हुआ, वह अकेले और उदास थे. उन्हें तब ये तक नहीं पता था कि कैसे रिएक्ट करें लेकिन फिर उन्होंने बल्लेबाजी की और 17 साल की उम्र में मैच जीता. आज तक मुझे समझ नहीं आया कि अगर ऐसा मेरे साथ होता तो क्या होता? मैं तब मैदान पर ना गया होता…’ उन्होंने विराट के अलग अलग दौर को याद किया. बता दें कि विराट और ईशांत क्रिकेट के अपने शुरुआती दिनों से ही करीबी रहे हैं. वे अपने अंडर 17 क्रिकेट दिनों से एक साथ हैं और दिल्ली और भारत के लिए खेले हैं.
करियर में किया बड़ा बदलाव
34 वर्षीय ईशांत ने कोहली के दूसरे दौर को भी याद किया और माना कि ये स्टार बल्लेबाज अपने करियर में बड़े बदलाव से गुजरा है. ईशांत ने कहा, ‘मैंने उनके (विराट) के अच्छे बुरे दौर देखे हैं. पार्टी से लेकर टैटू तक, फिटनेस फ्रीक से लेकर एक टॉप परफॉर्मर तक, अपने करियर में विराट ने बड़े पैमाने पर बदलाव किया है. उन्हें पार्टी का शौक था और कोलकाता में एक टूर्नामेंट के दौरान उन्होंने पूरी रात पार्टी की लेकिन अगले दिन उन्होंने 250 रन की बड़ी पारी खेली. वह पिछले दिन नाबाद थे और हम अंडर 19 क्रिकेट में दिल्ली का प्रतिनिधित्व कर रहे थे.’ विराट वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल (WTC Final 2023) में हाल में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेलते नजर आए थे.